
17 साल पहले रोपा गया था जीनियस प्लानेट स्कूल का पौधा, आज दे रहा संस्कार, कौशल और वर्तमान में जरूरी अत्याधुनिक ज्ञान की छांव…
इटारसी// मनीष जायसवाल
इटारसी। नर्मदापुरम जिले में जीनियस प्लानेट स्कूल किसी पहचान का मोहताज नहीं है। आज यह स्कूल विद्यार्थियों के लिए एक ऐसा पावर सेंटर है जहां से विद्यार्थियों के जीवन में सफलता की राह प्रशस्त की जा रही है। सीबीएसई से मान्यता प्राप्त जीनियस प्लानेट स्कूल 4 अप्रैल को अपनी स्थापना के 17 वर्ष पूर्ण करने जा रहा है। शहर के अभिभावकों के अटूट विश्वास और संस्थान के बच्चों के प्रति समर्पण के भाव ने जीनियस प्लानेट स्कूल को शिक्षा के क्षेत्र में वटवृक्ष बना दिया है।
ऐसे हुआ शाला का बीजारोपण
4 अप्रैल 2009 में शहर के जाने माने माखन लाल विश्वविद्यालय से मान्यता प्राप्त कंप्यूटर इंस्टिट्यूट के संचालक मो. जाफर सिद्दीकी और मनीता सिद्दीकी ने अपने 5 शिक्षकों और 65 विद्यार्थियों के साथ जीनियस प्लानेट स्कूल रुपी पौधे को इटारसी शहर में रोपित किया थाl प्रथम वर्ष में मिले अभिभावकों के विश्वास ने संचालकों के मन में ऊर्जा का संचार किया जिससे स्कूल ने सफलता की बुलंदियों को छुआ l
वर्ष 2009 में 5 टीचर्स और 65 स्टूडेंट्स के साथ शुरू हुआ जीनियस का कारवां आज लगभग 60 टीचर्स, प्रिंसिपल और 1400 विद्यार्थियों के साथ आज भी जारी है l
संघर्ष से चुनौतियों को दी मात
शाला के इस स्वर्णिम सफर के दौरान संस्था को संचालित करने में स्कूल संचालकों के सामने कई चुनौतियाँ आई। सबसे पहले चुनौती स्कूल भवन का स्वयं की भूमि पर निर्माण करना थी, इसके लिए वर्ष 2015 में न्यास कॉलोनी बायपास रोड ग्राम सोनासांवरी में लगभग 2 एकड़ भूमि में लगभग 9000 वर्गफिट पर बहुमंजिला नए भवन का निर्माण कर न्यास कॉलोनी से नए भवन में स्कूल को शिफ्ट किया गया। जिसमें विद्यार्थियों के खेल के लिए बड़ा मैदान के साथ ही विभिन्न गतिविधियों के लिए पर्याप्त जगह थीl इस तरह शाला प्रबंधन ने हर चुनौती को मात देकर सफलता हासिल की।
वर्ष 2018 में मिली सीबीएसई मान्यता
वर्ष 2018 में जीनियस प्लानेट स्कूल को सीबीएसई बोर्ड से मान्यता प्राप्त हुई। वर्तमान में संस्थान से कक्षा बारहवीं उत्तीर्ण स्टूडेंट्स कई नामी विश्वविद्यालय, मैनेजमेंट संस्थान, आईआईटी, और मेडिकल फील्ड में पढ़ाई पूर्ण कर रहे हैं। विगत 3 वर्षों से लगातार दिल्ली विश्वविद्यालय के विभिन्न कोर्स में संस्थान के विद्यार्थियों का चयन हो रहा है। विगत वर्षों का सीनियर सेकेंडरी का रिजल्ट बहुत अच्छा रहा हैl
नई शिक्षा नीति के तहत दे रहे शिक्षा
स्कूल संचालक मोहम्मद जाफर सिद्दकी ने बताया कि वर्तमान परिवेश और शिक्षा प्रणाली को देखते हुए नई शिक्षा नीति के अनुसार स्कूल स्किल के क्षेत्र में विद्यार्थियों के लिए कार्य कर रहा है। डिजिटल सिस्टम से विद्यार्थियों के लिए स्मार्ट क्लासरूम है जिनके माध्यम से विद्यार्थियों को उच्च गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान की जाती है। विद्यार्थियों के व्यक्तित्व विकास के लिए न केवल स्कूली शिक्षा दी जाती है बल्कि व्यवहारिक ज्ञान, सांसारिक ज्ञान भी विद्यार्थियों को दिया जाता है इसके साथ ही पब्लिक स्पीकिंग के लिए भी विद्यार्थियों को मोटिवेट किया जाता है उन्हें सिखाया जाता है तभी हमारे विद्यार्थी स्कूल के होने वाले प्रत्येक कार्यक्रम का संचालन करते हैंl स्कूल में कंप्युटर, फिजिक्स, केमिस्ट्री, बायोलॉजी लैब के साथ ही विशाल लाइब्रेरी हैl खेल के क्षेत्र में स्कूल के विद्यार्थियों ने लगातार स्कूल का नाम रोशन किया है क्रिकेट, खो-खो, फुटबॉल, बैडमिंटन हॉकी में प्रत्येक वर्ष विध्यार्थियों ने राज्य स्तर तक चयनित होकर अपने खेल का प्रदर्शन किया है। स्कूल में विद्यार्थियों के लिए सभी खेल जिनमे क्रिकेट, फुटबॉल, स्विमिंग, बास्केटबॉल, बैडमिंटन, टेबल टेनिस, खो खो, वालीबॉल, कबड्डी, शतरंज, केरम, एथलेटिक्स खेल उपलब्ध हैंl
तकनीकी शिक्षा से जोड़ना है लक्ष्य
संचालक मोहम्मद जाफर सिद्दकी ने कहा कि आने वाला समय अत्याधुनिक तकनीक का है। जिसके लिहाज से विद्यार्थियों को तैयार किया जाना हमारा लक्ष्य है। आगामी 5 सालों में हम शिक्षा में एक नया बदलाव ले आयेंगे भविष्य की आवश्यक टेक्नोलॉजी के हिसाब से आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के साथ ही ब्रैंन साइंस और रोबोटिक जैसी लैब के माध्यम से विद्यार्थियों का व्यक्तित्व विकास करने के लिए हम प्रतिबद्ध हैंl हमारा प्रयास है कि हमारे संस्थान का हर बच्चा अपने जीवन सफलता के शीर्ष पर पहुंचे ताकी उसका परिवार उस पर और जीनियस प्लानेट पर गौरव महसूस करे।






